क्या चुनाव आयोग की सख्ती से प्रदेश में हुए चुनावों में नेताओं के खर्च पर लगाम लग सका ?
पुरौला विधानसभ क्षेत्र की बदहाली ही उसकी पहचान बन चुकी है। किसान बुनियादी सुविधाओं के लिए तरस रहे हैं। निचले