आम आदमी पार्टी दिल्ली सहित कई राज्यों में इस बार कांग्रेस के साथ मिलकर चुनावी दंगल में उतरी है। दिल्ली में ‘आप’ ने अपने हिस्से की चार सीटों ईस्ट दिल्ली, वेस्ट दिल्ली, साउथ दिल्ली और नई दिल्ली लोकसभा सीट से प्रत्याशी उतारे हैं। पार्टी के सीनियर नेता अरविंद केजरीवाल, मनीष सिसोदिया, सत्येंद्र जैन जेल में बंद हैं। दिल्ली से राज्यसभा सांसद संजय सिंह और सरकार में मंत्री गोपाल राय व दूसरे मंत्री चुनाव प्रचार में जुटे हैं, वहीं मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल की पत्नी सुनीता केजरीवाल मुख्य भूमिका में दिख रही हैं। अरविंद केजरीवाल की गिरफ्तारी के बाद बीते 31 मार्च को रामलीला मैदान में हुई ‘इंडिया गठबंधन’ की ‘लोकतंत्र बचाओ रैली’ में सुनीता केजरीवाल ‘फ्रंटलाइन’ पर नजर आई थी, वहीं अब ‘इंडिया गठबंधन’ की रांची में बीते 21 अप्रैल को हुई ‘उलगुलान न्याय महारैली’ में सुनीता ने पीएम मोदी और बीजेपी पर जमकर निशाना साधा। जिसके बाद राजनीतिक गलियारों चर्चा है कि सुनीता केजरीवाल दिल्ली की किसी लोकसभा सीट से ताल ठोक सकती हैं। अंदरखाने इस बात को लेकर भी चर्चाएं हैं कि आम आदमी पार्टी ने 4 सीटों पर जो अपने प्रत्याशी उतारे हैं इनमें से किसी एक सीट पर घोषित प्रत्याशी को बदला जा सकता है या फिर वो स्वतः ही सुनीता केजरीवाल के लिए सीट छोड़ने का ऐलान कर सकते हैं। सीटों के राजनीतिक समीकरणों की बात करें तो साउथ दिल्ली पर बीजेपी-आप दोनों ने गुर्जर समुदाय के प्रत्याशी को मैदान में उतारा हुआ है। नई दिल्ली लोकसभा सीट के अंतर्गत मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल की नई दिल्ली विधानसभा भी आती है। ईस्ट दिल्ली ऐसी इकलौती सीट है जिस पर आम आदमी पार्टी ने सामान्य होने के बावजूद आरक्षित कोटे से कुलदीप कुमार को प्रत्याशी बनाया है। इनमें से किसी सीट पर आम आदमी पार्टी में सुनीता केजरीवाल को चुनाव लड़ाने की अंदरूनी चर्चा हो रही है। कहा जा रहा है कि नई दिल्ली और पूर्वी दिल्ली सीट के प्रत्याशी सुनीता के लिए उम्मीदवारी छोड़ सकते हैं। गौरतलब है कि दिल्ली में अभी नामांकन प्रक्रिया शुरू नहीं हुई है। लोकसभा चुनाव के छठे चरण के तहत दिल्ली में 25 मई को मतदान होगा। इसके लिए नामांकन प्रक्रिया 29 अप्रैल से शुरू होगी, जो कि 6 मई तक जारी रहेगी। सभी सीटों के चुनाव परिणाम एक साथ 4 जून को घोषित किए जाएंगे।
दिल्ली से ताल ठोक सकती हैं सुनीता

