लम्बे राजनीतिक -वैचारिक विवादों के बाद कंगना रनौत एक बार फिर पूरी ताकत के साथ फिल्मी दुनिया में लौट आई हैं। नई फिल्म ‘भारत भाग्य विधाताà के साथ उन्होंने साफ कर दिया है कि सिनेमा से उनका रिश्ता अभी खत्म नहीं हुआ है
बॉलीवुड अभिनेत्री और मंडी से भाजपा सांसद कंगना रनौत एक बार फिर फिल्मी दुनिया में सक्रिय हो गई हैं। लम्बे समय से फिल्मों से दूरी बनाए रखने के बाद कंगना ने अपनी नई फिल्म ‘भारत भाग्य विधाता’ की शूटिंग शुरू कर दी है। यह फिल्म देश, सत्ता और सामाजिक बदलाव की पृष्ठभूमि पर आधारित बताई जा रही है जिसमें कंगना एक प्रभावशाली और निर्णायक किरदार निभा रही हैं।
पिछले कुछ वर्षों में कंगना रनौत का नाम फिल्मों से अधिक राजनीतिक और वैचारिक बहसों में रहा। सोशल मीडिया पर उनके बयानों ने उन्हें लगातार सुर्ख़ियों में बनाए रखा, वहीं संसद में पहुंचने के बाद यह माना जाने लगा था कि शायद उनका सिनेमा करियर अब पीछे छूट जाएगा लेकिन ‘भारत भाग्य विधाता’ के साथ कंगना ने इन तमाम अटकलों को विराम दे दिया है।
फिल्म के सेट से सामने आई शुरुआती जानकारियों के मुताबिक यह प्रोजेक्ट बड़े पैमाने पर तैयार किया जा रहा है और इसमें समकालीन भारत की राजनीति, समाज और सत्ता संरचना को केंद्र में रखा गया है। कंगना के करीबी सूत्रों का कहना है कि यह किरदार उनके अब तक के सबसे गम्भीर और वैचारिक रूप से चुनौतीपूर्ण किरदारों में से एक है।
दिलचस्प बात यह है कि कंगना इस फिल्म में सिर्फ एक अभिनेत्री के तौर पर नहीं बल्कि एक वैचारिक चेहरा बनकर सामने आती दिखेंगी। उनके समर्थक इसे कंगना की ‘वैचारिक वापसी’ मान रहे हैं जबकि
आलोचकों का कहना है कि यह फिल्म भी उनके राजनीतिक विचारों का सिनेमाई विस्तार हो सकती है।
बॉलीवुड में लम्बे समय से यह चर्चा रही है कि कंगना का इंडस्ट्री से टकराव उनके करियर को नुकसान पहुंचा सकता है लेकिन हर बार कंगना किसी न किसी रूप में वापसी करती रही हैं। ‘क्वीन’, ‘तनु वेड्स मनु’ और ‘मणिकर्णिका’ जैसी फिल्मों के बाद अब ‘भारत भाग्य विधाता’ को उनके करियर की अगली निर्णायक फिल्म माना जा रहा है।
फिल्म की रिलीज डेट को लेकर अभी आधिकारिक घोषणा नहीं हुई है लेकिन माना जा रहा है कि यह फिल्म 2026 के उत्तरार्ध में सिनेमाघरों तक पहुंचेगी। इतना तय है कि कंगना रनौत की यह वापसी बॉलीवुड में नई बहसों और चर्चाओं को जन्म देने वाली है।

