उत्तर प्रदेश के महोबा जिले में जहरीला पानी पीने से लगभग 100 से अधिक लोगों के बीमार होने की खबर है। मामला जिले के पलका गांव की है जहां सरकारी हैंडपंप का पानी पीने से सैकड़ों ग्रामीण बीमार हो गए हैं। गांव में अफरा-तफरी का माहौल है और सभी बीमार लोगों को स्थानीय अस्पताल में भर्ती कराया गया है। बुधवार को ग्रामिणों के बीच दहशत फैल गई जब अचानक सरकारी हैंडपंप का पाने पीने वाले सभी लोगों के पेट में तेज दर्द और उल्टियां होने लगीं।
इसकी सूचना स्थानीय प्रधान ब्रजलाल ने स्वास्थ्य विभाग को दी। उसके बाद 10 से अधिक एम्बुलेंस को लाकर एक साथ लगभग 60 ग्रामीणों को अस्पताल ले जाया गया। जिलाधिकारी ने मामले का संज्ञान लेते हुए सीएमओ को जरूरी कदम उठाने के निर्देश दिए हैं। खबरों के मुताबिक, मंगरवार को 18 साल की निर्मला नाम की लड़की के पेट में तेज दर्द होनी शुरू हुई। उसी दिन रात को उसे इलाज के लिए अस्पताल लाया गया।

लेकिन बुधवार की सुबह से दूसरे लोगों को भी उल्टियां और तेज पेट दर्द होने लगी जिसके बाद गांव में अफरा-तफरी मच गई। उसके बाद 30 वर्षीय रानी, 15 वर्षीय आनंद, 60 वर्षीय देशरानी, 55 वर्षीय रामआसरे, तुलसारानी, 3 वर्षीय मनीष, 25 वर्षीय रती, 22 वर्षीय हेमलता समेत 40 लोगों को एक साथ एंबुलेंस से जिला अस्पताल ले जाया गया। फिलहाल, सीएमएस डा. आरपी मिश्रा की देखरेख में ग्रामिणों का इलाज चल रहा है।
मामले को गंभीरता से लेते हुए महोबा के डीएम अवधेश कुमार तिवारी ने जांच के आदेश दिए हैं। इसके ही उन्होंने अस्पताल का दौरा किया और पीड़ितों का हाल-चाल पूछा। स्थानीय ग्राम प्रधान बृजलाल ने बताया कि सरकारी हैडपम्प के दूषित पानी पीने से ही ग्रामिण बीमार हुए हैं। सबको एम्बुलेंस से जिला अस्पताल भेजा जा रहा है। इसके अलावा उन्होंने ये भी कहा कि दवा का छिड़काव संक्रामक बीमारी से बचाव को लिए किया जा रहा है।

सीएमएस डा. मिश्रा ने बताया कि सभी बीमार लोग अलग-अलग परिवार से हैं। संभावना है कि दूषित पानी पीने से ही सभी बीमार हुए हैं। डीएम के निर्देश पर स्वास्थ्य टीम गांव भेजकर पीड़ित लोगों का समुचित उपचार कराया जा रहा है। गांव में लगे हैंडपंपों से पानी के सैंपल लेकर भी जांच कराई जा रही है।

