नोएडा स्थित गलगोटिया विश्वविद्यालय में भारत और इक्वाडोर के आपसी संबंधों और कार्यक्रमों पर एक दिवसीय संगोष्ठी का आयोजन किया गया। जिसमें मुख्य अथिति के रूप में भारत में इक्वाडोर के राजदूत हेक्टर क्यूबा जैकोम, सचिव एना माल्डोनाडो, वित्तीय एक्सप्रेस की वरिष्ठ पत्रकार हूमा सिद्दीकी और इंस्टयूट ऑफ सोसियल साइंसिज के निदेशक ऐश नारायण रॉय ने भाग लिया। मुख्य अथिति का स्वागत विश्वविद्यालय की वाइस चांसलर प्रिति बजाज के द्वारा किया गया। ![]() राजदूत हेक्टर क्यूबा जैकोम ने छात्रों को संबोधित करते हुए महात्मा गांधी की सरल एवं अहिंसावादी कूटनीति के विभिन्न तरीकों पर विस्तार से चर्चा की। उन्होंने भारत के साथ बेहतर कूटनीति विकसित करने में सहायक छः महत्वपूर्ण बिंदुओं का उल्लेख करते हुए भारतीय खान-पान धर्म, और बॉलीवुड से अपने लगाव के बारें में बताया। उन्होंने भारत से संबंधों के बारे में बताते हुए इक्वाडोर की शैक्षिक, राजनीतिक और सामाजिक जैसे अनेकों जानकारियों से छात्रों को रूबरू कराया। उन्होंने ये भी बताया कि इक्वाडोर में लोकतंत्र कैसे काम करता है। ![]() इसके बाद वरिष्ठ पत्रकार हूमा सिद्दीकी ने दोनों देशों के मध्य सांस्कृतिक और आर्थिक संबंधों पर बात की। उन्होंने कहा कि भारत को इक्वाडोर को एक भरोसेमंद व्यापार के रूप में देखना चाहिए। और साथ-ही-साथ द्विपक्षीय संबंधों में सुधार लाना चाहिए। ![]() अन्य वक्ता ऐश नारायण ने इक्वाडोर के घरेलू मुद्दों और गतिशील संविधान के बारें में छात्रों से अवगत कराया। इक्वाडोर दूतावास की सचिव एना माल्डोनाडो ने दोनों देशों के बीच संभावित पर्यटन स्थलों और व्यक्तियों के मध्य विशाल संबंधों के बारे में चर्चा की। कार्यक्रम का धन्यवाद ज्ञापन स्कूल ऑफ लिबरल एजूकेशन के डीन इसाम खौरी ने दिया। इस दौरान सभी शिक्षक और छात्र मौजूद रहे। |
भारत-इक्वाडोर संबंधों पर गलगोटिया में हुई संगोष्ठी




