उत्तर प्रदेश पुलिस में आपसी तनाव से एक-दूसरे पर गोली चलाने की पहले भी कई घटनाएं सामने आई है। ज्यादातर मामले छुट्टी को लेकर सामने आते हैं। जूनियर पुलिसकर्मी जब सीनियर से छुट्टी मांगते हैं तो आपस में विवाद अक्सर हो जाता है। जिसके बाद कभी कभार मामला गंभीर हो जाता है।
हालांकि ज्यादातर में मामला आपसी तकरार के बाद खत्म हो जाता है । लेकिन बदायूं जिले में एक ऐसा गंभीर मामला सामने आया है ,जहां एक कांस्टेबल ने अपने सीनियर ऑफिसर को इस बात से क्षुब्ध होकर गोली मार दी कि उन्होंने उसे छुट्टी देने से इनकार कर दिया था। आरोपी पुलिसकर्मी ले एसएसआई को गोली मारने के बाद अपने आप को भी गोली मार ली। इससे दोनों की हालत गंभीर हो गई । पहले दोनों को बदायूं के जिला अस्पताल ले जाया गया । जहां डॉक्टरों ने उन्हें गंभीर हालत होने पर बरेली के मेडिकल कॉलेज रेफर कर दिया।
यह सनसनीखेज मामला उझानी कोतवाली का है। जहा तैनात एक सिपाही ललित कुमार ने एसएसआई राम अवतार को गोली मारी है। बताया जा रहा है कि कोतवाली प्रभारी ओमकार सिंह कोरोना महामारी की चपेट में आ चुके है। जिसके चलते वह छुट्टी पर चल रहें हैं। ओमकार सिंह की जगह कोतवाली का चार्ज एसएसआई राम अवतार के पास है।
एसएसआई राम अवतार से कांस्टेबल ललित कुमार ने घर जाने के लिए दस दिन की छुट्टी मांगी। जिसमें उन्होंने ललित कुमार को चार दिन की ही छुट्टी स्वीकृत की। इसको लेकर दोनो में विवाद हो गया। जहा सिपाही ललित कुमार ने एसएसआई राम अवतार पर गोली चला दी। गोली लगते ही राम अवतार वही पर गिर पडे। इसके बाद आरोपी सिपाही ललित कुमार ने अपने आपको भी गोली मार ली। गोली लगते ही दोनों की गंभीर हालत हो गई है। दोनों को ही पहले स्थानीय जिला चिकित्सालय में भर्ती कराया गया। लेकिन स्थिति गंभीर होने पर उन्हें बरेली स्थित मेडिकल कॉलेज में भेज दिया गया है।

