साल 2008 में शुरू हुई आईपीएल लीग दुनियाभर में काफी लोकप्रिय हो चुकी है। नए खिलाड़ियों के लिए यह एक ऐसा मंच है, जिस पर बेहतर प्रदर्शन करके देश के लिए खेलने का अवसर मिल जाता है। ऐसे में कहा जा रहा है कि इस बार कुछ अनकैप्ड खिलाड़ियों पर जिस तरह नीलामी प्रक्रिया में फ्रेंचाइजियों ने करोड़ों रुपए खर्च किए वैसे ही ये खिलाड़ी अपने प्रदर्शन से दर्शकों और बीसीसीआई के चयनकर्ताओं का ट्टयान अपनी ओर आकर्षित कर सकते हैं। इन पर सभी की नजर रहेगी इनमें समीर रिजवी का नाम सबसे पहले है
भारत में हर साल गर्मियों के दिनों में खेली जाने वाली इंडियन प्रीमियर लीग यानी आईपीएल काफी लोकप्रिय हो चुकी है। नए खिलाड़ियों के लिए यह एक ऐसा मंच है, जिस पर बेहतर प्रदर्शन करके देश के लिए खेलने का अवसर मिल जाता है। बीसीसीआई के चयनकर्ताओं की नजर आईपीएल पर खास तौर से रहती है। आज कई युवा खिलाड़ी किसी न किसी प्रारूप में भारतीय टीम का हिस्सा बन चुके हैं। युवाओं के लिए अपनी प्रतिभा चमकाने का इससे बेहतर अवसर नहीं मिल सकता। यही इस टूर्नामेंट का सबसे बड़ा आकर्षण भी है जो 22 मार्च से शुरू हो गया है और 26 मई तक चलेगा। ऐसे में कहा जा रहा है कि जिस तरह आईपीएल 2024 की नीलामी प्रक्रिया में अपनी टीम का हिस्सा बनाने के लिए फ्रेंचाइजियों ने करोड़ों रुपए खर्च किए वैसे ही ये खिलाड़ी अपने प्रदर्शन से दर्शकों और बीसीसीआई का ट्टयान अपनी ओर आकर्षित कर सकते हैं। इनमें समीर रिजवी का नाम सबसे पहले है।
समीर रिजवी: गत विजेता चेन्नई सुपर किंग्स ने समीर रिजवी को 8 करोड़ 40 लाख रुपए में अपनी टीम का हिस्सा बनाया था। इसके पीछे की सबसे बड़ी वजह पिछले साल खेले गए यूपी टी-20 लीग के पहले सीजन में समीर रिजवी का बल्ले से शानदार प्रदर्शन करना था, जिसमें उन्होंने कानपुर सुपरस्टार्स की तरफ से खेलते हुए 9 पारियों में 2 शतकों के साथ कुल 455 रन बनाए थे। वहीं सैयद मुश्ताक अली ट्रॉफी 2023-24 में भी उनका शानदार प्रदर्शन देखने को मिला था, जिसमें उन्होंने 69.25 के औसत से रन बनाए। समीर ने अब तक 11 टी-20 मैचों में 49.16 के औसत से 295 रन बनाए हैं। अब चेन्नई को भी उनसे वैसे ही प्रदर्शन की उम्मीद होगी। वो ऑक्शन में अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट न खेलने वाले सबसे महंगे खिलाड़ी रहे। समीर डोमेस्टिक क्रिकेट में लगातार तेजी से रन बनाने के कारण लोकप्रिय हुए हैं और अंडर-19 लेवल पर भी उन्होंने खूब सुर्खियां बटोरी थीं।
अर्शिन कुलकर्णी: साउथ अफ्रीका में इस साल की शुरुआत में खेले गए आईसीसी अंडर 19 वर्ल्ड कप में भारतीय टीम का हिस्सा रहने वाले महज 19 साल के अर्शिन कुलकर्णी को 20 लाख रुपए में लखनऊ सुपर
जाएंट्स ने खरीदा। बल्ले के साथ गेंद से भी कमाल दिखाने वाले अर्शिन टीम के लिए मैच विनर खिलाड़ी की भूमिका निभा सकते हैं। दाएं हाथ के मट्टयम गति के तेज गेंदबाज कुलकर्णी का घरेलू क्रिकेट में रिकॉर्ड देखा जाए तो 6 टी-20 मैचों में 121 रन बनाने के साथ 4 विकेट भी हासिल किए हैं। वहीं इसके अलावा अंडर 19 वर्ल्ड कप में उनके बल्ले से 7 मैचों में एक शतकीय पारी सहित कुल 189 रन निकले थे,जबकि गेंद से 4 विकेट हासिल किए थे।
रॉबिन मिंज: गुजरात टाइटंस ने झारखंड के 21 साल के युवा विकेट कीपर बल्लेबाज रॉबिन मिंज को 3.60 करोड़ रुपए में अपनी टीम का हिस्सा बनाया है। मिंज स्वाभाविक तौर पर एक आक्रामक बल्लेबाज माने जाते हैं। हालांकि अभी तक उन्हें फर्स्ट क्लास क्रिकेट में झारखंड की सीनियर टीम से एक भी मुकाबला खेलने का मौका नहीं मिला है। इसके बावजूद उनकी आक्रामक खेलने की शैली गुजरात की टीम के लिए काफी उपयोगी साबित हो सकती है।
कुशाग्र कुमार: झारखंड के विकेटकीपर बल्लेबाज कुशाग्र कुमार को दिल्ली कैपिटल्स ने 7 करोड़ 20 लाख रुपए में अपनी टीम में शामिल किया है। कुशाग्र के अभी तक के करियर को देखा जाए तो उनके आंकड़े
उतना बेहतरीन नहीं दिखाई देंगे लेकिन विजय हजारे ट्रॉफी के पिछले सीजन में कुशाग्र ने महाराष्ट्र के खिलाफ सिर्फ 37 गेंदों में 67 रनों की पारी ऐसे समय में खेली थी जब उनकी टीम 355 रनों के बड़े लक्ष्य का पीछा कर रही थी। कुशाग्र की इस एक पारी ने सभी को काफी प्रभावित किया था। कुशाग्र के घरेलू क्रिकेट में प्रदर्शन को देखा जाए तो उन्होंने 11 टी-20 मैचों में अब तक 140 रन बनाए हैं, तो वहीं लिस्ट ए के 23 मुकाबलों में 46.66 के औसत से 700 रन बनाए हैं, जिसमें 7 अर्ट्टाशतकीय पारियां भी शामिल हैं।
शुभम दुबे: राजस्थान रॉयल्स ने घरेलू क्रिकेट में विदर्भ की टीम से खेलने वाले बाएं हाथ के बल्लेबाज शुभम दुबे को 5 करोड़ 80 लाख रुपए में अपनी टीम का हिस्सा बनाया है। शुभम ने लगातार अपने प्रदर्शन से खुद को साबित किया है। निचले क्रम में खेलने वाले शुभम दुबे का सैयद मुश्ताक अली ट्रॉफी 2023-24 में शानदार प्रदर्शन देखने को मिला था, जिसमें उन्होने 7 मैचों में 73.66 के औसत से 221 रन बनाए थे। इस दौरान उनका स्ट्राइक रेट भी 187.28 का रहा। शुभम ने अब तक अपने करियर में खेले 20 टी-20 मैचों में 37.30 के औसत से 485 रन बनाए हैं, जिसमें उनका स्ट्राइक रेट 145.20 का रहा है।
अवनीश राव अरावेली: अवनीश को चेन्नई ने उनके बेस प्राइस 20 लाख रुपए में खरीदा है। अवनीश अंडर-19 क्रिकेट वर्ल्ड कप में भारत के लिए खेलते हुए दिखाई दिए थे, लेकिन कुछ खास प्रदर्शन नहीं कर पाए।
मगर इससे पहले जूनियर लेवल क्रिकेट में खेली गई 183 रनों की पारी के कारण उन्होंने सबका ट्टयान अपनी ओर खींचा था। अवनीश एक विकेटकीपर हैं और चेन्नई सुपर किंग्स की टीम में उन्हें महेंद्र सिंह ट्टाोनी से काफी कुछ सीखने को मिल सकता है।
नुवान तुषारा: श्रीलंका के 29 साल के तेज गेंदबाज नुवान तुषारा लीजेंड लसिथ मलिंगा जैसे एक्शन से गेंदबाजी करते हैं। उन्हें आईपीएल 2024 के मिनी ऑक्शन में मुंबई इंडियंस ने खरीदा था। तुषारा ने हाल ही में
बांग्लादेश के खिलाफ हैट्रिक भी ली थी। वह आईपीएल 2024 में अपनी गेंदबाजी से सबको सरप्राइज कर सकते हैं।
नेहाल वढेरा: पंजाब के 23 साल के नेहाल वढेरा ने 2023 में आईपीएल में डेब्यू कर बल्ले से कमाल किया था। नेहाल ने 145 के स्ट्राइक रेट से 241 रन बनाए थे जिसमें 2 अर्धशतक भी शामिल थे। नेहाल इस सीजन और बेहतर प्लेयर बनकर सामने आ सकते हैं और टीम को कई मैच जितवा सकते हैं।
गेराल्ड कोएट्जी: साउथ अफ्रीका के युवा और तेज तर्रार गेंदबाज गेराल्ड कोएट्जी ने पिछले साल भारत में खेले गए वर्ल्ड कप में कोहराम मचाया था। तब उन्होंने 20 विकेट झटके थे। उसके बाद से ही उन्हें आईपीएल
2024 के मिनी ऑक्शन में मुंबई इंडियंस ने 5 करोड़ में खरीदा। कोएट्जी अपनी खूंखार गेंदबाजी से आईपीएल सीजन में तहलका मचा सकते हैं।
अजमतुल्ला ओमरजाई: हार्दिक पंड्या अब गुजरात टाइटंस में नहीं है, लेकिन टीम के पास उनकी अफगानिस्तान के अजमतुल्ला ओमरजाई है। 23 वर्षीय ओमरजाई की तुलना हार्दिक से की जाने लगी है। वह बल्लेबाजी लाइनअप में मजबूती दे सकते हैं। वहीं पावरप्ले में बॉल को स्विंग करा सकते हैं। हाल ही में अजमतुल्ला ने श्रीलंका के खिलाफ 149 रनों की पारी खेली थी।
रचिन रवींद्र: न्यूजीलैंड के रचिन को चेन्नई सुपर किंग्स ने नीलामी में 1.8 करोड़ रुपए में खरीदा था। उनका यह पहला आईपीएल है। रचिन ऋतुराज गायकवाड़ के साथ मिलकर टॉप ऑर्डर में रनों का अंबार लगा
सकते हैं साथ ही स्पिनर भी हैं। उन्होंने विश्व कप 2023 में 3 शतक और 2 अर्ट्टाशतक के साथ 578 रन बनाए थे। जिसके के कारण वे चर्चा का विषय बने थे। रचिन अंतरराष्ट्रीय स्तर पर लगातार बेहतरीन क्रिकेट खेल रहे हैं।
अभी तक अपने टेस्ट करियर में महज 6 मैच खेलकर एक दोहरा शतक के साथ 433 रन बनाने के अलावा 10 विकेट भी ले चुके हैं। वहीं 25 वनडे मैचों में उन्होंने 820 रन बनाने के अलावा 18 विकेट भी चटकाए हैं। रविंद्र का यही ऑल-राउंड प्रदर्शन उन्हें आईपीएल 2024 में का स्टार खिलाड़ी बना सकता है। गौरतलब है कि हर साल गर्मियों के दिनों में खेली जाने वाली आईपीएल लीग दुनियाभर में काफी लोकप्रिय हो चुकी है। नए खिलाड़ियों के लिए यह एक ऐसा मंच है, जिस पर बेहतर प्रदर्शन करके देश के लिए खेलने का अवसर मिल जाता है। बीसीसीआई के चयनकर्ताओं की नजर आईपीएल पर खास तौर से रहती है। वर्तमान में यशस्वी जायसवाल, ऋतुराज गायकवाड़, तिलक वर्मा, रजत पाटीदार, मुकेश कुमार, रिंकू सिंह , हार्दिक पांड्या शुभमन गिल और अर्शदीप सिंह जैसे युवा किसी न किसी प्रारूप में भारतीय टीम का हिस्सा बन चुके हैं। युवाओं के लिए अपनी प्रतिभा चमकाने का इससे बेहतर अवसर नहीं मिल सकता। यही इस टूर्नामेंट का सबसे बड़ा आकर्षण भी है। 22 मार्च से शुरु हुआ आईपीएल के 17 वें संस्करण में कुल दस टीमें इस खिताबी दौड़ में शामिल हैं।
इसकी सबसे बड़ी खासियत यह है कि हर साल कुछ खिलाड़ी इट्टार-उट्टार हो जाते हैं। कहने का आशय यह है कि नीलामी में ज्यादा बोली लगा कर फ्रैंचाइजी कंपनियां अपनी टीमों के लिए खिलाड़ियों को चुनती हैं। ऐसे में टीमों में बदलाव होता रहता है। मसलन, पिछले दो सीजन में गुजरात टाइटंस के कप्तान रहे हार्दिक पांड्या इस बार मुंबई इंडियंस की टीम के साथ दिखेंगे। वह रोहित शर्मा की जगह मुंबई के कप्तान भी बना दिए गए हैं।
यह इस साल का सबसे बड़ा बदलाव भी है। चूंकि, आईपीएल में ढेर सारे विदेशी खिलाड़ी भी शामिल रहते हैं इसलिए दूसरे देश के नामी- गिरामी क्रिकेटरों के साथ खेलने का अनुभव भी बड़ा उपयोगी रहता है। आईपीएल में सारा खेल पैसे का है। मोटी रकम देकर खिलाड़ी खरीदे जाते हैं। प्रसारण अधिकार और विज्ञापन कंपनियों की भी चांदी रहती है इसीलिए यह भारतीय खेल जगत का एक मशहूर ब्रांड बन चुका है। इसका फायदा सबसे ज्यादा युवा खिलाड़ियों को मिलता है। युवा खिलाड़ी बहुत कम समय में मालामाल हो जाते हैं। यही वजह है कि कोई भी खिलाड़ी आईपीएल के मैच छोड़ना नहीं चाहता। इस मामले को लेकर आलोचना भी होती है। कई बार खिलाड़ी अनफिट होने की वजह से राष्ट्रीय टीम के लिए उपलब्ट्टा नहीं रहता, लेकिन वह आईपीएल के लिए हमेशा उपलब्ट्टा रहता है। यह इस खेल का नकारात्मक पक्ष है, जिस पर अक्सर सवाल उठाए जाते हैं। यह बात कुछ हद तक सही भी है कि पैसे के लालच में खिलाड़ी आईपीएल को ज्यादा तरजीह देते हैं।

