पटना हाईकोर्ट के वरीय अधिवक्ता वीवी गिरि ने कहा कि मनी लॉन्ड्रिंग मामले में पूर्व मुख्यमंत्री राबड़ी देवी व पूर्व उप मुख्यमंत्री तेजस्वी यादव के खिलाफ चार्जशीट होने के बाद दोनों को अग्रिम जमानत के लिए न्यायालय का दरवाजा खटखटाना होगा। दोनों को सबसे पहले विशेष कोर्ट में अग्रिम या नियमित जमानज की अर्जी देनी होगी।
वीवी गिरि ने कहा कि ऐसे गंभीर मामलों में निचली अदालत से अग्रिम जमानत मिलने की संभावना कम ही रहती है। अगर निचली अदालत से दोनों को अग्रिम जमानत नहीं मिली तो हाईकोर्ट का दरवाजा खटखटाना होगा। हाईकोर्ट से राहत नहीं मिलने पर सुप्रीम कोर्ट जाना होगा। यदि अग्रिम जमानत नहीं मिली तो दोनों को कोर्ट में सरेंडर करना पड़ेगा। कोर्ट द्वारा निर्धारित तिथि पर अगर दोनों हाजिर नहीं हुए तो ईडी इस मामले में कोर्ट से गिरफ्तारी वारंट ले सकता है। दोनों ईडी की चार्जशीट को खारिज करने के लिए हाईकोर्ट जा सकते हैं।
