राममंदिर निर्माण को लेकर आज मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री एवं भाजपा के दिग्गज नेताओं में गिने जाने वाले शिवराज सिंह चौहान ने एक ब्लाग लिखा है। हालांकि कोरोना संक्रमित होने के कारण वह इस कार्यक्रम का हिस्सा नहीं बन सके। सीएम ने अपने ब्लाग में कहा कि “आज एक संकल्प पूरा हुआ है। श्रीराम मंदिर का निर्माण कार्य प्रारंभ हो रहा है। इसके साथ ही राष्ट्र निर्माण का यज्ञ भी प्रांरभ होगा। प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी की इच्छाशक्ति का यह परिणाम है कि उन्होंने लाखों रामभक्तों के अनुरुप मंदिर निर्माण की परिकल्पना को साकार किया है। मुझे पूरा विश्वास है कि प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में देश में रामराज की स्थापना होगी।

उन्होंने आगे कहा कि “मोदी जी ने विगत 6 वर्षों में देश की एकता, अखंडता और भाईचारे के लिए जो निर्णय लिए हैं, उसमें सभी धर्म-जाति के लोग लाभान्वित हुए हैं। मध्यप्रदेश सरकार भी केंद्र का अनुसरण करते हुए आत्मनिर्भर मध्य प्रदेश का रोडमैप तैयार कर रही है। आज राम मंदिर निर्माण के साथ हम मोदी जी के नेतृत्व में रामराज के लिए पुन: संकल्पित होने जा जा रहे हैं। प्रभु से प्रार्थना करते हैं कि कोरोना से देश और दुनिया को मुक्त कराएं। बोलो सियापति श्री रामचंद्र की जय”। प्रधानमंत्री नरेद्र मोदी पहले ऐसे प्रधानमंत्री होंगे जो रामलला के दरबार में पहुंचेंगे। इंदिरा गांधी, राजीव गांधी, अटल बिहारी वाजपेयी अयोध्या तो पहुंचे, लेकिन रामलला के दर्शन नहीं कर पाए। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के अय़ोध्या जाने और राममंदिर के नींव पत्थर रखने पर हैदराबाद के सांसद असदुद्दीन ओवैसी ने विरोध करते हुए कहा था कि प्रधानमंत्री अपने संवैधानिक पद का उल्लंघन कर रहे हैं।

