पिछले साल इस दशहरा के अवसर पर अमृतसर में रेल की पटरी पर खड़े होकर रावण देखने वालों को रेल ने अपनी चपेट में ले लिया था , जिसमें सेकड़ो लोगों ने अपनी जान गवाई थी ।यह हादसा इतना भीषण था कि महज चंद सेकण्डों में रेल की पटरी पर मातम छा गया। इसके एक साल बाद भी दोषियों को न सजा मिली और न ही इसमें जान गवाने वालों के परिवार के सदस्यों को नौकरी मिली।
