आरोप – गत वर्ष केदारनाथ धाम के कपाट खुलने के मौके पर पहुंची। 30 अप्रैल और 01 मई 2025 के मात्र दो दिनों के प्रवास पर रही। आवास और भोजन पर बीकेटीसी (बदरीनाथ-केदारनाथ मंदिर समिति) ने नियमों के विरुद्ध जाकर 60,000 रुपए की भारी-भरकम राशि खर्च की।
आरोप – केदारनाथ प्रवास के दौरान आवास और अन्य शाही व्यवस्थाओं पर खर्च हुए 20,000 के बिल का भुगतान मंदिर समिति के कोष से किया गया है।
आरोप – वीआईपी ठहरने और भोजन आदि बीकेटीसी द्वारा 37,500 रुपए खर्च किए गए ।
आरोप – इन नेताओं के धामों में ठहरने पर 30,500 का भुगतान मंदिर समिति द्वारा किया गया है।
आरोप – इनके और इनके साथ आए अन्य पार्टी कार्यकर्ताओं के महंगे आवास पर 24,000 रुपए की धनराशि बीकेटीसी द्वारा खर्च की गई।
आरोप – हेमंत द्विवेदी की अनुशंसा पर इनका 23000 रुपए का आवास बिल समिति के सौजन्य से जारी किया गया।
गौरतलब है कि बाबा बद्री-केदार के दर पर माथा टेकने जाने वाले तीर्थयात्री अपनी श्रद्धानुसार दानपात्रों में दान डालते हैं। इस दान से ही बीकेटीसी धर्मार्थ कार्य करती है। आरटीआई में जो जानकारी सामने आई है उसके अनुसार इस दान के लाखों रुपयों का दुरुपयोग किया जा रहा है।
दस्तावेज सार्वजनिक नहीं हुए लेकिन यात्रा सीजन में वीआईपी कल्चर पर लगातार सवाल उठते रहे हैं।
हेमंत द्विवेदी, अध्यक्ष, बीकेटीसी
नेहा जोशी, पुत्री गणेश जोशी, कैबिनेट मंत्री उत्तराखण्ड
गणेश गोदियाल, अध्यक्ष, उत्तराखण्ड कांग्रेस
विकेश नेगी, आरटीआई कार्यकर्ता और अधिवक्ता, देहरादून