नई दिल्ली। कांग्रेस JEE और NEET परीक्षाओं के मुद्दे पर केंद्र सरकार को घेर रही है। अब उसकी छात्र ईकाई एनएसयूआई से जुड़े छात्रों ने भी सड़कों पर प्रदर्शन शुरु कर दिया है। कांग्रेस के पूर्व अध्यक्ष राहुल गांधी ने प्रदर्शनकारी छात्रों का मनोबल बढ़ाते हुए जनता से बड़ी संख्या में इस अभियान में शामिल होने की अपील की है।
हाल ही में कांग्रेस अध्यक्ष सोनिया गांधी ने गैर भाजपा शासित राज्यों के मुख्यमंत्रियों के साथ मीटिंग की थी । इस ऑन लाइन मीटिंग में खासतौर पर नीट एवं जेईई परीक्षा का मुद्दा उठा।इस बैठक में शामिल सभी मुख्यमंत्रियों ने केंद्र सरकार से परीक्षा की तारीख को आगे बढ़ाने का आग्रह किया था ।
मीटिंग में सोनिया ने राष्ट्रीय शिक्षा नीति (NEP, 2020) पर चिंता प्रकट की। उन्होंने कहा, ‘राष्ट्रीय शिक्षा नीति संबंधी घोषणाओं से हम सच में चिंतित हैं क्योंकि यह वाकई बड़ा झटका है। विद्यार्थियों और परीक्षाओं से संबंधित समस्याओं पर भी बहुत लापरवाही भरा रवैया सामने आ रहा है।’
सोनिया की इस वर्चुअल मीटिंग को विपक्षी दलों को एकजुट करने की मुहिम के तौर पर देखा गया । खास बात यह है कि उनकी इस मुहिम को पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी का साथ मिल रहा है। दोनों नेताओं ने इंजीनियरिंग और मेडकिल के पाठ्यक्रमों में दाखिले के लिए संयुक्त प्रवेश परीक्षा (JEE) और राष्ट्रीय योग्यता सह प्रवेश परीक्षा (NEET) का कोरोना काल में आयोजन सहित जनहित केकई मुद्दों पर विपक्ष को एकजुट करने की कोशिश की है।
इस बीच उनकी इस मुहिम को आगे बढ़ने के लिए कांग्रेस नेता राहुल गांधी ने ट्वीट कर आज से लोगों को #SpeakUpForStudentSafetyअभियान में शामिल होने की अपील की है।

बेंगलुरु में कोरोना वायरस महामारी में NEET और JEE की परीक्षा को स्थगित करने और 6 महीनों के लिए सेमेस्टर फीस को माफ करने की मांग को लेकर NSUI भूख हड़ताल कर रही है।

